ऐसी कोई लहर नहीं जो गिरती उठती न हो तूफानों से उलझ सुलझकर आगे बढ़ती न हो ! कुछ लोग सो गए हैं रातों की…
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” जैसे एहसान उतारता है कोई “
दिन कुछ ऐसे गुजारता है कोई जैसे एहसान उतारता है कोई आईना देख के तसल्ली हुई हम को इस घर में जानता है कोई पक…
View More ” जैसे एहसान उतारता है कोई “” मत पूंछ इस जिंदगी में “
बेगाने होते लोग देखे अजनबी होता शहर देखा हर इंसान को यहाँ मैंने ख़ुद से ही बेखबर देखा ! रोते हुए नयन देखे मुस्कराता हुआ…
View More ” मत पूंछ इस जिंदगी में “” न किसी से लगाव रहे “
न किसी से लगाव रहे , न किसी से जुड़ाव रहे…! ख़ुद में डूब जाओ इतना कि न किसी का प्रभाव रहे ..! कोई चाहकर…
View More ” न किसी से लगाव रहे “” दुःखी मन से कुछ भी न कहो “
व्यर्थ उसे है ज्ञान सिखाना व्यर्थ उसे दर्शन समझाना उसके दुख से दुखी नहीं हो, तो बस दूर रहो ! उसके नयनों का जल खारा…
View More ” दुःखी मन से कुछ भी न कहो “” आँसुओं को बहने दो “
क्यूँ रोका है इन आँसुओं को बहने दो ना… ये जो कुछ कहना चाहते हैं इन्हें कहने दो ना… क्यूँ छिपा के रखा …
View More ” आँसुओं को बहने दो “” क्या मलाल करें “
जो छूट गया उसका क्या मलाल करें , जो हासिल है , चल उससे ही सवाल करें ! d बहुत दूर तक जाते हैं …
View More ” क्या मलाल करें “” ज़िंदगी “
कल एक झलक ज़िंदगी को देखा , वो राहों पे मेरी गुनगुना रही थी ! फ़िर खोजा उसे इधर उधर , वो आँख मिचौली …
View More ” ज़िंदगी “” तेरे लिए सब छोड़ के भी तेरा न रहा मैं “
तेरे लिए सब छोड़ के भी , तेरा न रहा मैं , दुनिया भी गई इश्क़ में, तुझसे भी गया मैं ! एक सोच …
View More ” तेरे लिए सब छोड़ के भी तेरा न रहा मैं “” अब तो मज़हब कोई ऐसा भी चलाया जाए “
अब तो मज़हब कोई ऐसा भी चलाया जाए जिस में इंसान को इंसान बनाया जाए ! जिस की खुशबू से महक जाए पड़ोसी का…
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