” धर्म का असली धन “

महाभारत काल की बात है। हस्तिनापुर के समीप महर्षि धौम्य का एक प्रसिद्ध आश्रम था। वहाँ अनेक राजकुमार और ब्रह्मचारी शिक्षा प्राप्त करते थे। महर्षि…

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” एक अनोखे मालिक की बहुत बड़ी सीख “

उत्तर प्रदेश के एक छोटे से कस्बे बछरावां में राम रतन तिवारी नाम के एक सम्मानित और उदार स्वभाव के व्यक्ति रहते थे। उनके घर…

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” विश्वास की जीत “

बहुत समय पहले आर्यावर्त में राजा विक्रमसेन नाम के एक न्यायप्रिय और दयालु राजा का शासन था। उनकी कीर्ति दूर-दूर तक फैली हुई थी। प्रजा…

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” असली शिक्षा की पहचान “

एक बड़े शहर के व्यस्त बाजार में सुबह से ही चहल-पहल थी। दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ लगी हुई थी। उसी समय एक चमचमाती लग्ज़री…

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” प्रतिशोध की अग्नि — भीष्म का पतन “

महाभारत के समय काशी नरेश ने अपनी तीन पुत्रियों—अंबा, अंबिका और अंबालिका—का स्वयंवर आयोजित किया। उसी समय हस्तिनापुर के महान योद्धा भीष्म अपने छोटे भाई…

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” परमात्मा की लीला अपरम्पार “

बहुत समय पहले की बात है। वृंदावन धाम में श्रीकृष्ण के परम भक्त एक संत रहते थे। उनका जीवन अत्यंत सरल था। वे कभी भी…

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