हमीरपुर/सरीला। सर्दी से गौवंश को बचाने के लिए तहसीलदार सरीला राम मोहन कुशवाहा ने बिरहट स्थित अस्थायी गौशाला का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान गौशाला में कुल 92 गौवंश पाए गए। तहसीलदार ने बताया कि सर्दी से बचाव के लिए किए गए प्रबंध अधिकांशतः पर्याप्त हैं। चारों ओर तिरपाल लगी हुई है तथा टीनशेड में अलाव की भी समुचित व्यवस्था मिली।
निरीक्षण में गौवंश के लिए भूसे की उपलब्धता संतोषजनक पाई गई। चरही में भूसा मौजूद था, जबकि गौशाला परिसर में बने स्टाक भूसा घर में लगभग 400 कुंतल भूसा रखा मिला। हालांकि सफाई व्यवस्था संतोषजनक नहीं पाई गई, जिस पर नाराजगी जताई गई।
पानी की व्यवस्था को लेकर तहसीलदार ने कड़ी आपत्ति जताई। गौशाला में निर्मित दोनों चरहियों में पानी नहीं मिला, जबकि खुले मैदान में गड्ढा बनाकर गौवंश को पानी पिलाए जाने की जानकारी सामने आई। इस पर तहसीलदार ने प्रधान प्रतिनिधि दिनेश को फटकार लगाई और तत्काल सुधार के निर्देश दिए। गौशाला के पास हरा चारा उगाने के लिए राजस्व विभाग द्वारा चारागाह की भूमि चिन्हित किए जाने के बावजूद अब तक बुवाई न होने पर भी नाराजगी जताई गई। साथ ही गौआश्रय स्थल में सीसीटीवी कैमरा न लगे होने और एक गौवंश के बीमार मिलने की भी जानकारी मिली। बीमार गौवंश के उपचार के लिए उप मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को सूचना भेजी गई है।
तहसीलदार ने सचिव को सभी व्यवस्थाएं शीघ्र दुरुस्त कराने के निर्देश दिए और कहा कि निरीक्षण की पूरी रिपोर्ट जिलाधिकारी को प्रेषित की जाएगी।
