लखनऊः मुख्य सचिव श्री एस.पी.गोयल ने फैमिली आई०डी०-एक परिवार एक पहचान योजना से सम्बन्धित विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव के साथ समीक्षा बैठक की।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि डायरेक्ट बेनीफिट ट्रांसफर (डी०बी०टी०) योजनाओं के शत-प्रतिशत लाभार्थियों को फैमिली आई०डी० से आच्छादित किया जाये। उन्होंने फैमिली आईडी डाटाबेस के इंटीग्रेशन के महत्व पर बल देते हुए सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि विभिन्न योजनाओं एवं सेवाओं को इस डाटाबेस से लिंक किया जाए तथा निर्धारित अंतराल पर डाटा साझा किया जाए।
मुख्य सचिव ने यह भी कहा कि भारत सरकार की योजनाओं से आच्छादित प्रदेश के लाभार्थियों का डाटा प्राप्त करने के लिये सम्बन्धित विभागों द्वारा मुख्य सचिव कार्यालय के माध्यम से केंद्र सरकार के मंत्रालयों एवं विभागों से समन्वय स्थापित किया जाए। इसके उपरांत इस डाटा को फैमिली आई०डी० डाटाबेस से इंटीग्रेट भी किया जाये। उन्होंने फैमिली आई०डी० डाटाबेस के आधार पर विभिन्न योजनाओं के लिए संभावित लाभार्थियों को चिन्हित किया गया है, जिन्हें प्राथमिकता के आधार पर संबंधित योजनाओं से जोड़ा जाए।
बैठक में प्रमुख सचिव नियोजन ने फैमिली आई०डी० योजना पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया, जिसमें विभाग-वार फैमिली आई०डी० लिंकेज की प्रगति से अवगत कराया। फैमिली आई०डी० से परिवार के पात्र सभी सदस्यों को सरकारी योजनाओं का लाभ सरल एवं पारदर्शी तरीके से दिये जाने के महत्व को रेखांकित किया।
बैठक में फैमिली ई-पासबुक को भी प्रदर्शित किया गया। इस पासबुक में आमजनमानस द्वारा अपने परिवार/सदस्यों द्वारा प्राप्त की जा रही सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं की जानकारी सहजता से देखी जा सकती है। साथ ही ई-पासबुक के माध्यम से फैमिली आई०डी० डाटाबेस के आधार पर उन योजनाओं/सेवाओं की जानकारी भी प्राप्त की जा सकती है, जिनके लिये वह पात्र हैं।

