बाबा उमाकांत जी कि प्रतिष्ठित लोगों से प्रार्थना-आपके चाल-चलन, खान-पान की वजह से विश्व में आपकी बदनामी ना होने पावे – बाबा उमाकान्त जी महाराज
आप लोगों को बहुत सजग रहने की जरूरत है क्योंकि कुछ लोग यह नहीं चाहते हैं कि भारत तरक्की करे
उरई, उत्तर प्रदेश परम् सन्त बाबा उमाकान्त जी महाराज 6 अक्टूबर 2025 के सतसंग में कहा कि नेपाल में आज के लगभग पचास साल पहले जब मैं गया था तब वहां थोड़े ही लोग सतसंगी थे।और लोग इतने मांसाहारी थे कि मुर्गा, बकरा, भैंसा, गाय, बैल सब खा जाते थे। शराब में उनका सब चला गया। खेती करते थे, मेहनत करते थे और जब अनाज पैदा होता तब उसको सेठ-साहूकार उठाकर ले आते थे क्योंकि कर्जा लिए रहते थे। कर्जा किस लिए लेते थे? शराब पीने के लिए।
लेकिन गुरु महाराज की ऐसी दया हुई कि अब बहुत से लोगों ने वहां शराब और मांस छोड़ दिया। ऐसे-ऐसे चमत्कार उनके साथ हुए कि उन्होंने उसको नमस्कार कर दिया और नामदान ले लिया, तो वहां बहुत सतसंगी हो गए।
धार्मिक और राजनैतिक पदों पर बैठे लोग विश्व में सम्मान बनाए रखने के लिए अपने आप की निरख-परख करते रहो
देश के साधुओं से, मठाधीशों से, पादरियों से, मंदिर के पुजारियों से, मस्जिद के इमामों से और गुरुद्वारा के ग्रंथियों से आज मेरी प्रार्थना है कि जो आपका स्थान बना हुआ है और जहां पर आप रहते हो, उस स्थान का जो महत्व बना हुआ है, जिसकी वजह से लोग वहां जाते हैं, मत्था टेकते हैं उसको आप बनाए रखो। आपके चाल-चलन, खान-पान की वजह से बदनामी ना होने पावे। साधु बदनाम हो रहे हैं, ये नभ्या और जिभ्या के चक्कर में आ जाते हैं और माया इनको घसीट देती है।
माया किसको कहते हैं? रुपया-पैसा और औरतों को माया कहते हैं। तो उसके चक्कर में जब ये पड़ जाते हैं तब मर्यादा को भूल जाते हैं कि हम किस स्थान पर हैं, कहां (पद) पर हैं। यह भूल जाते हैं कि हम पंडित हैं, मुल्ला हैं, पुजारी हैं, मठाधीश हैं, आश्रम के महंत हैं और अपने स्थान से गिर जाते हैं।
इसीलिए आज मेरी यह प्रार्थना है कि मर्यादा को बनाए रखने के लिए, विश्व में सम्मान को बनाए रखने के लिए, आप हमेशा अपने को टटोलते रहो, निहारते रहो, याद करते रहो कि हम किस प्रतिष्ठित स्थान पर हैं? और यही चीज हमें देश के नेताओं से भी कहनी है क्योंकि भारत अब इस वक्त पर बहुत आगे बढ़ रहा है, तरक्की कर रहा है लेकिन कुछ लोग ऐसे हैं जो यह नहीं चाहते हैं कि भारत तरक्की करे, आगे बढ़े, विकास करे इसीलिए वे बाधक बनते हैं। वे आपको कहीं भी बदनाम कर सकते हैं। इसीलिए आपको भी बहुत सजग रहने की जरूरत है।
